
Eid Ul Fitr 2022: गरियाबंद में धूमधाम से मनाया जा रहा है ईद-उल-फितर का त्योहार,
गरियाबंद- आज मंगलवार को देशभर में धूम-धाम से ईद-उल-फितर (Eid Ul Fitr 2022) का त्योहार मनाया जा रहा है. सोमवार शाम को शव्वाल का चांद दिखाई दिया. अब, रमजान के 30 रोजों के बाद ईद (Eid Ul Fitr) का त्योहार सबके चेहरों पर खुशियां लेकर आया है. सभी मस्जिदों और ईदगाहों पर ईद (eid ka chand) की नमाज पढ़ने के लिए लोगों का हुजूम उमड़ा हुआ है. सभी लोग एक दूसरे को मुबारकबाद पेश कर रहे हैं और गले मिल रहे हैं. कई वर्षों बाद ऐसा मौका आया है जब दूसरे त्योहारों के साथ ईद का त्योहार भी आजादी के साथ मनाने की इजाज़त मिली है. वरना इससे पहले तो ईद उल फितर और ईद उल अज़हा पर कोरोना का साया मंडरा रहा था. तो, चलिए आपको गरियाबंद में मनाई जा रही ईद की कुछ झलकियां भी (eid mubarak) दिखा दें.
जमात के कार्यकारिणी सदस्य सोहेल मेमन ने बताया
कि यह ईद रमजान का महीना समाप्त होने के बाद मनाई जाती है। इस दिन मीठी सेवइयां मनाई जाती हैं और लोग उन्हें बड़े चाव से खाते हैं। इस दिन अमीरी-गरीबी नहीं देखी जाती और भाईचारे को बढ़ावा दिया जाता है। शिकवे भुलाकर लोग आपस में गले मिलते हैं।देश में एकजुटता और भाईचारे की भावना को बढ़ाता रहे. ‘सभी भाइयों-बहनों को ईद मुबारक. रमज़ान के पवित्र महीने के बाद मनाया जाने वाला यह त्योहार आपस में प्रेम और सद्भावना को मजबूत करने का पावन अवसर है उन्होंने लोगों को आपसी एकता का संदेश दिया।
ईद-उल-फितर त्योहार मंगलवार को धूमधाम से मनाया जा रहा है । गरियाबंद शहर एवं जिले की अन्य मस्जिदों में मुस्लिम समुदाय के लोगों ने ईद की नमाज अता की। समाज में भाईचारे शांति की दुआ मांगने के साथ ही उन्होंने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी।।
वहीं, बौद्ध महार समाज के लोगों के द्वारा ईदगाह के सामने मुस्लिम भाइयों को सेवाइया वितरित किया गया साथ ही नगरपालिका की टीम द्वारा मुस्लिम भाइयों को सरबत और लस्सी का वितरण किया गया एवं आपसी भाईचारे की मिसाल कायम करते हुए मुस्लिम भाइयों को ईद की शुभकामनाएं दीं। इसके एवज में मुस्लिम भाईयों ने मिठाई खिलाकर उनका मुंह मीठा करवाया।
इस बीच, पुलिस कप्तान जे॰आर॰ ठाकुर ने मस्जिद एवं ईदगाह के आसपास भी सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं ताकि कोई अनहोनी न हो. मस्जिद और आसपास के इलाकों में सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम किए गए हैं. पुलिस बल की पर्याप्त तैनाती है. इस मौके पर गरियाबंद एसडीओपी पुष्पेंद्र नायक ने कहा कि कानून और व्यवस्था का पालन करते हुए ईद का जश्न शांतिपूर्वक तरीके से मनाया जाना रहा है . सोमवार को चांद दिखाई देने के साथ ही मुस्लिम समुदाय के लोगों द्वारा रमजान के दौरान महीने भर चलने वाला रोजा खत्म हो गया.और ईद का जश्न मनाया जा है
शव्वाल का चांद देखकर मनाई जाती है ईद
आपको बता दें कि ईद का त्योहार शव्वाल का चांद देखकर मनाया जाता है. शव्वाल एक अरबी कैलेंडेर के महीने का नाम है. जो रमजान के महीने के बाद आता है. शव्वाल की पहली तारीख को ईद उल फितर मनाई जाती है. ईद उल फितर को मीठी ईद भी कहा जाता है. इस दिन लोगों के घरों में सेवईं या फिर खीर के साथ-साथ कई बेहतरीन पकवान बनाए जाते हैं और फिर लोग एक दूसरे के घर जाकर ईद की मुबारकबाद पेश करते हैं. ईद उल-फितर यानी मीठी ईद रमजान के रोजा की समाप्ति पर सुबह से शाम तक मनाई जाती है और महीने भर के रोजा के दौरान शक्ति और धीरज प्रदान करने के लिए अल्लाह को धन्यवाद देने के लिए मनाया (eid takbeer) जाता है.
आपको ये भी बता दें कि ईद की तारीख हिजरी कैलेंडर की वजह से हर साल बदलती है. ये कैलेंडर चंद्रमा पर आधारित होता है. इसमें चांद की घटती-बढ़ती चाल के अनुसार दिनों की गिनती की जाती है. जब एक नया चांद दिखाई देता है और धार्मिक अधिकारियों द्वारा इसकी पुष्टि की जाती है.इसके बाद ही इस्लामी महीना शुरू होता है. नया चांद दिखने के आधार पर ही दुनियाभर में अलग-अलग दिनों में ईद का त्योहार (Meethi Eid 2022) मनाया जाता है.